Spiritual/धर्म

27 फरवरी को माघी पूर्णिमा, 28 फरवरी से शुरू हो रहा है फाल्गुन

 Spiritual/धर्म (GIL TV) माघ मास की पूर्णिमा माघी पूर्णिमा कही जाती है। यह माघ मास का अंतिम दिन है और इसके बाद से फाल्गुन का महीना शुरू हो जाएगा। फाल्गुन के महीने की पूर्णिमा को होली का त्योहार मनाया जाता है, अब माघी पूर्णिमा से एक महीने बाद होली का त्योहार मनाया जाएगा। माघी पूर्णिमा पर स्नान और दान का विशेष महत्व बताया गया है।  इस दिन गंगा स्नान का कई गुना लाभ मिलता है। कहते हैं कि भगवान हरि इस खुद गंगा जल में निवास करते हैं। द्मपुराण के अनुसार बाकी के महीनों में जप, तप और दान से भगवान विष्णु उतने प्रसन्न नहीं होते जितने कि वे माघ मास में स्नान करने से होते हैं।  इसके अलावा इस महीने में तिल और कंबल का दान भी श्रेष्ठ माना जाता है। इस दिन पितरों का स्मरण भी करना चाहिए। माघी पूर्णमा पर ही कल्पवासी प्रस्थान करते हैं।  कल्पवास के बाद सभी विधि-विधान से गंगा स्नान कर सत्यनारायण की पूजा करते हैं।

Related posts

शनि प्रदोष व्रत से शनि देवता होते हैं प्रसन्न, देते हैं आर्शावाद

GIL TV News

मां लक्ष्मी की प्रतिमा, दिन में 3 बार बदलती है रंग

GIL TV News

कल सर्वार्थसिद्धि योग में करवाचौथ का व्रत

GIL TV News

Leave a Comment